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मास्क बांट काेराेना के प्रति जागरूक कर रहे आईजी कॉलेज के विद्यार्थी

इंदिरा गांधी राजकीय महाविद्यालय के एनएसएस के छात्र -छात्राएं स्वयं मास्क तैयार कर वितरण व जागरूक कर रहे हैं। प्रवक्ता हिमांशु ने बताया कि एनएसएस प्रभारी प्रो. नेहा गर्ग व प्रो. राजेश के दिशा निर्देशन में महाविद्यालय के छात्र छात्राएं जहां स्वयं हाथों से मास्क तैयार कर रहे हैं वहीं अपने आसपास के लोगों को मास्क बनाने के लिए प्रेरित भी कर रहे हैं ताकि हर किसी के पास मास्क पहुंच सके। वे अपने तैयार किए मास्क आमजन को उपलब्ध करवाकर घरों में रहने, हाथों को बार बार धोने व सोशल डिस्टेंस का पालन करने के लिए भी प्रेरित कर रहे हैं। प्राचार्या डॉ. सुनील कुंडू ने महाविद्यालय के छात्र छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि एनएसएस का मकसद ही जनसेवा है। महामारी के इस समय में हम सभी को मिलकर एक दूसरे की सहायता करनी चाहिए।



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IG college students making mask aware of Kareena


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पड़ोसी राज्यों से पहले वीआईपी ट्रीटमेंट फिर शुरू; विधायकों की गाड़ियों पर लगेगी झंडी

लाल बत्ती हटने के बाद वीआईपी कल्चर से बाहर हुए विधायकों की गाड़ी की अब दूर से पहचान हो सकेगी। जल्द मंत्रियों की तरह अब इन गाड़ियों पर भी झंडी लगेगी। अभी गाड़ी में कौन बैठा है, इसकी जानकारी विधायक की ओर से न दिए जाने तक न तो किसी कर्मचारी-अधिकारी को होती है और न ही आम आदमी को। इसलिए अब एमएलए लिखी झंडी गाड़ी पर लगेगी तो माननीयों को कुछ वीआईपी ट्रीटमेंट शुरुआत में ही मिलने लग जाएगा। इन झंडियों का डिजाइन तैयार हो चुका है। इसे स्पीकर ने मंजूरी दी है। बताया जा रहा है कि मॉनसून सत्र से पहले विधायकों की गाड़ियों पर ये झंडियां लग जाएंगी। विधायकों को हालांकि अभी विधानसभा से एमएलए लिखा स्टीकर जारी किया है, जो गाड़ियों के शीशे पर लगा है। पुलिस कर्मचारी हो या अन्य कोई, इस पर जल्दी नजर नहीं जाती। इसलिए कई उन्हें पार्किंग से लेकर रास्ते तक में रोक लिया जाता है। इससे कई बार विधायकों व पुलिस की बहस होने की खबरें भी आती रहती हैं। विधायकों ने पहचान के लिए झंडी की मांग थी। इसके अलावा गाड़ी की मांग भी की जाती रही है, जिसके लिए सरकार इनकार कर चुकी है। पुलिस अधिकारियों से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों की गाड़ियों आगे...