Skip to main content

पार्षदों के सहयोग से वार्डों में कैंप लगाकर मोबाइल टीम लेगी संदिग्ध मरीजों के सैंपल

कोरोना का बढ़ रहे संक्रमण को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सैंपलिंग बढ़ाने पर जोर दे रहा है। सीएमओ डॉ.जेएस पूनिया ने डॉ.चक्रवर्ती शर्मा के नेतृत्व में मोबाइल टीम बनाई। यह टीम नगर पार्षद के सहयोग से शहर के प्रत्येक वार्ड में कैंप लगाएगी और सरकारी कार्यालय में जाकर कर्मचारियों के सैंपल लेगी। बुधवार को मोबाइल टीम ने सामान्य बस अड्डा पर कैंप लगाया और चालक, परिचालक व अन्य कर्मचारियों के करीब 87 सैंपल लिए।

नोडल अधिकारी के अनुसार जिस क्षेत्र में कैंप लगाया जाएगा, उस क्षेत्र के लोगों को एक दिन पहले ही सूचना दी जाएगी। जिससे जिसमें भी कोरोना के लक्षण दिखाई दे वह सैंपल दे सकता है। इससे नागरिक अस्पताल में मरीजों की भीड़ नहीं होगी। नियमानुसार नागरिक अस्पताल में प्रतिदिन 100 से 150 लोगों के सैंपल लिए जाते हैं।

बाजार क्षेत्र को प्रतिदिन सेनिटाइज करा रहा नगर परिषद

त्योहार के बाद शादी का सीजन के चलते बाजारों में भीड़ रहती है। लेकिन लोग नियमों का पालन नहीं करते हैं। नगर परिषद प्रतिदिन मेन बाजार में दुकान बंद होने के बाद सेनिटाइजर का छिड़काव कराता है। नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी राजेश वर्मा का कहना है कि दुकानदारों को नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया जाता है। पालन न करने वालों का चालान भी किया जा रहा है।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Mobile team will take samples of suspected patients by organizing camps in wards with the help of councilors


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3l7y7Ur

Popular posts from this blog

पड़ोसी राज्यों से पहले वीआईपी ट्रीटमेंट फिर शुरू; विधायकों की गाड़ियों पर लगेगी झंडी

लाल बत्ती हटने के बाद वीआईपी कल्चर से बाहर हुए विधायकों की गाड़ी की अब दूर से पहचान हो सकेगी। जल्द मंत्रियों की तरह अब इन गाड़ियों पर भी झंडी लगेगी। अभी गाड़ी में कौन बैठा है, इसकी जानकारी विधायक की ओर से न दिए जाने तक न तो किसी कर्मचारी-अधिकारी को होती है और न ही आम आदमी को। इसलिए अब एमएलए लिखी झंडी गाड़ी पर लगेगी तो माननीयों को कुछ वीआईपी ट्रीटमेंट शुरुआत में ही मिलने लग जाएगा। इन झंडियों का डिजाइन तैयार हो चुका है। इसे स्पीकर ने मंजूरी दी है। बताया जा रहा है कि मॉनसून सत्र से पहले विधायकों की गाड़ियों पर ये झंडियां लग जाएंगी। विधायकों को हालांकि अभी विधानसभा से एमएलए लिखा स्टीकर जारी किया है, जो गाड़ियों के शीशे पर लगा है। पुलिस कर्मचारी हो या अन्य कोई, इस पर जल्दी नजर नहीं जाती। इसलिए कई उन्हें पार्किंग से लेकर रास्ते तक में रोक लिया जाता है। इससे कई बार विधायकों व पुलिस की बहस होने की खबरें भी आती रहती हैं। विधायकों ने पहचान के लिए झंडी की मांग थी। इसके अलावा गाड़ी की मांग भी की जाती रही है, जिसके लिए सरकार इनकार कर चुकी है। पुलिस अधिकारियों से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों की गाड़ियों आगे...