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सरकारी स्कूलों में 35 व प्राइवेट में 10 से 15% ही पहुंच रहे विद्यार्थी

सरकारी और प्राइवेट स्कूलाें में काफी प्रयास के बाद भी विद्यार्थियाें की संख्या ज्यादा नहीं बढ़ी। स्कूलाें में 9वीं से 12वीं कक्षा के बच्चाें की क्लासेस लग रही हैं, लेकिन अभी भी विद्यार्थी आने से हिचकिचा रहे हैं। बताया जा रहा है कि काेराेना की वैक्सीन अभी तक न आना, स्कूल आने के लिए मेडिकल सर्टिफिकेट की अनिवार्यता और ट्रांसपाेर्ट की दिक्कत काे लेकर भी बच्चाें की संख्या पर असर पड़ रहा है। सरकारी स्कूलाें में ताे 35 प्रतिशत तक विद्यार्थी पहुंचे रहे हैं, मगर प्राइवेट स्कूलाें में 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियाें की संख्या महज 10 से 15 प्रतिशत के बीच ही है, जबकि कई प्राइवेट स्कूल अभी बंद ही हैं।

सरकारी स्कूलाें में 9वीं से 12वीं तक 26 हजार में से 9 हजार विद्यार्थी पहुंच रहे

जिले में सरकारी स्कूलाें में पहली से 12वीं कक्षा तक करीब 84 हजार विद्यार्थी पढ़ते हैं। 9वीं से 12वीं की बात करें ताे करीब 26 हजार विद्यार्थी हैं, लेकिन अभी इनमें से 9 हजार ही स्कूल में आ रहे हैं। डीईओ सुरेश कुमार ने बताया कि सरकारी स्कूलाें में विद्यार्थियाें की संख्या लगातार बढ़ रही है। ज्यादातर 10वीं और 12वीं के विद्यार्थी पढ़ने के लिए पहुंच रहे हैं। टीचर्स लगातार बच्चाें की संख्या बढ़ाने के लिए प्रयास कर रहे हैं।

कई प्राइवेट स्कूल ऐसे जहां 10 या 15 बच्चे ही आ रहे

सिटी के मुरलीधर डीएवी पब्लिक स्कूल प्रिंसिपल डाॅ. आरआर सूरी ने बताया कि 9वीं से 12वीं में 1300 विद्यार्थियाें में से महज 10 से 15 विद्यार्थी ही स्कूल आ रहे हैं। पेरेंट्स काे बार-बार रिमाइंडर दिया जा रहा है। मगर पेरेंट्स बच्चाें काे नहीं भेज रहे। दूसरी समस्या ट्रांसपाेर्ट की भी है। बच्चे अलग-अलग जगहाें से स्कूल आते हैं। वह बार-बार बच्चाें काे बुलाने के लिए प्रयास कर रहे हैं।


कैंट डीएवी पब्लिक स्कूल रिवरसाइड प्रिंसिपल डाॅ. सीमा दत्त ने बताया कि अभी 12 या 15 विद्यार्थी ही स्कूल पहुंचते हैं। उन्हाेंने प्री-बाेर्ड एग्जाम ऑफलाइन लेने थे, मगर 60 प्रतिशत पेरेंट्स ने बच्चाें काे स्कूल भेजने से मना कर दिया। अब वह दाेबारा ऑनलाइन एग्जाम लेंगे। मेडिकल सर्टिफिकेट अनिवार्य हाेने की शर्त से भी बच्चाें की संख्या कम है।


सिटी पुलिस डीएवी पब्लिक स्कूल प्रिंसिपल डाॅ. विकास काेहली ने बताया कि 1 हजार विद्यार्थियाें में से राेजाना करीब 103 विद्यार्थी पहुंच रहे हैं। कभी आंकड़ा 10 प्रतिशत ताे कभी 15 प्रतिशत हाेता है।

सिटी सेक्टर-9 ओपीएस विद्या मंदिर स्कूल प्रिंसिपल नीलम शर्मा ने बताया कि स्कूल में 9वीं में 70 प्रतिशत और 10वीं में 90 प्रतिशत विद्यार्थी पहुंच रहे हैं।

कैंट दी एसडी स्कूल प्रिंसिपल नीलइंद्रजीत काैर संधू ने बताया कि अभी स्कूल में काेई भी विद्यार्थी नहीं आ रहा है। पहले उन्हाेंने स्कूल खाेले थे, मगर स्कूल में काेराेना पॉजिटिव केस आ गए थे, इसलिए स्कूल बंद कर दिया गया था। अब वह दाेबारा 15 जनवरी के बाद स्कूल खाेलने के बारे में साेचेंगे।



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प्रतीकात्मक फोटो


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