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मोनू मर्डर मामले में तीन और आरोपी गिरफ्तार, भेजा जेल

पिहोवा में सवा माह पहले ककराली निवासी 22 वर्षीय मोनू हत्याकांड के तीन और आरोपियों को पुलिस ने पकड़ा है। आरोपियों की पहचान जजवंती जींद निवासी नवदीप उर्फ छोटा, संजय कॉलोनी चीका कैथल निवासी हरिकेश उर्फ टोनी बाबा व गुमनहेड़ा दिल्ली निवासी शेखर उर्फ हैप्पी के तौर पर हुई है। इनमें हरिकेश हत्या के अन्य मामले में जींद जेल में आजीवन कारावास की सजा काट रहा था। वह पैरोल पर आया था, आरोपियों ने इसके अलावा भी छीना-झपटी व हत्या के प्रयास सहित 15 वारदात कबूली हैं।

बता दें कि मोनू हत्याकांड में मुख्य षड्यंत्रकारी युवती सहित छह आरोपियों जिनमें सोंगल निवासी राजेश, हेलवा निवासी दिलबाग उर्फ बाग्गा, जाजनपुर ढांढ कैथल निवासी राजदीप, चीका के प्रवीण कुमार व भागल कैथल के सुनील को पुलिस पहले गिरफ्तार कर रिमांड के बाद कोर्ट में पेश कर जेल भेज चुकी है। 23 अगस्त को ककराली निवासी सोनू ने पुलिस को शिकायत दर्ज करवाई थी। उसे फोन से सूचना मिली थी कि पिहोवा में बोहली साहब गुरुद्वारे के पास किसी ने उसके छोटे भाई को गोलियां मारी है।

सूचना पर उसने मौके पर पहुंच मोनू को अस्पताल पहुंचाया था। जांच के बाद चिकित्सकों ने मोनू को मृत घोषित कर दिया था। आरोपियों ने कबूला कि वे मंजीत महल की गैंग के लिए काम करते हैं। इनके साथी जीता किठाना, कप्तान उर्फ चिता व दुखी चहल उर्फ जगदीश वासी नरवाना अन्य वारदातों में संलिप्त होने के कारण जेल में बंद है।

आरोपियों ने बताया उनका एक साथी हरिकेश जिला जींद की जेल में हत्या के एक मामले में आजीवन कारावास की सजा काट रहा था। वह पैरोल पर आया है। हरिकेश उर्फ टोनी बाबा पर धारा 303 यानी हत्या के दंड से आजीवन कारवास से दंडित अपराधी द्वारा फिर हत्या करने की धारा लगाई गई है।

लड़की ने मोनू को पिहोवा बुलाया था

मामले में षडयंत्रकारी लड़की ने मोनू को फोन पर पिहोवा मिलने के लिए बुलाया था। मामले की जांच सीआईए वन प्रभारी प्रतीक कुमार की टीम को सौंपी गई थी। टीम ने हत्या में दिलबाग, रामफल, राजदीप, संदीप, संजय बस्ती चीका निवासी पिंकी को गिरफ्तार किया था।



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