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श्रद्धालुओं ने क्वारेंटाइन सीमा बढ़ाने पर खाना लेने से किया इनकार, सुबह 10 बजे तक का दिया एल्टीमेटम

सामुदायिक केंद्र में पिछले 28 दिन से क्वारेंटाइन 12 श्रद्धालुओं ने क्वारेंटाइन अवधि 5 मई तक बढ़ा देने पर बुधवार रात का खाना लेने से इंकार कर दिया। उन्होंने भूख हड़ताल शुरू कर दी। वहीं चेतावनी दी कि गुरुवार सुबह 10 बजे तक उन्हें रिहा नहीं किया तो वे खुद अपने अपने घरों को निकल जाएंगे। मामले का पता चलने पर शहर थाना प्रभारी मनदीप सिंह व नोडल अधिकारी डा. भरत सिंह मौके पर पहुंचे। लोकल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान रणजीत सिंह भानीखेड़ा ने भी श्रद्धालुओं की भूख हड़ताल के समर्थन में कंटेनमेंट जोन के बाहर काली पट्टी बांधकर धरने चेतावनी दी है।

अधिकारियों के समक्ष समस्या रखते हुए श्रद्धालुओं ने कहा कि वे बीते 30 अप्रैल से क्वारेंटाइन है। पहले उन्हें 14 मई को घर भेजने की बात कही। बाद में प्रशासन ने समय अवधि 21 दिन की कर दी और 22 मई को घर भेजने के लिए कहा। उसके बाद तीसरी सूची जारी कर 27 मई को घर भेजे जाने की बात कही। अब उनकी समय अवधि 5 मई कर दी है। उनमें दो छोटे बच्चे भी है।
क्वारेंटाइन कक्ष लोहे की चादरों का बना है गर्मी में दिन व रात का तपता है। इसमें वे सुरक्षित नहीं है। उन्हें हमेशा जान का खतरा रहता है। बार बार बिजली जाने से पंखे भी नहीं चल पाते। बाहर आने का प्रयास करते है तो प्रांगण में पुलिस नहीं जाने देती। वे नरकीय जीवन जी रहे है।

उनका कहना है कि प्रशासन उन्हें यहां से जेल भेज दे तो वे जाने को तैयार है लेकिन यहां नहीं रह सकते। रात को गुुरुद्वारा कमेटी के लोग आए तो खाना लेेने से इंकार कर दिया। कहा कि वे भूख हड़ताल पर रहेगें। सुबह 10 बजे तक प्रशासन ने नहीं छोड़ा तो वे खुद कंटेनमेंट जोन से घर चले जाएगें।उनका कहना है कि वे सभी 12 लोग स्वस्थ है जबकि पॉजिटिव आने वाले 4 लोगों की रिपोर्ट निगेटिव आने पर उन्हें घर भेजाजा चुका है।

हम श्रद्धालुओं के समर्थन में देंगे धरना-प्रधान

लोकल गुुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान रणजीत सिंह भानीखेड़ा ने कहा कि श्रद्धालुओं ने रात का खाना लेने से इंकार कर दिया। उन्होंने भूख हड़ताल की बात कही है। श्रद्धालुओं की समस्या जायजा है। प्रशासन को इन्हें छोडऩा चाहिए। श्रद्धालु भूख हड़ताल पर बैठते है तो हम भी उनके सामने काली पट्टी बांध कर धरने पर बैठेंगे। प्रशासन को अब जांच करके के बाद श्रद्धालुओं को घर भेज देना चाहिए।

मामले से अवगत करवा दिया: नोडल अधिकारी

नोडल अधिकारी एवं नागरिक अस्पताल के डाॅक्टर भरत सिंह ने कहा कि मामले से एसएमओ और सीएमओ को अवगत करवा दिया। सामुदायिक केंद्र में रह रहे श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य की भी जांच की गई है।



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Devotees refused to take food for raising quarantine limit, gave ultimatum till 10 am


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