Skip to main content

आवर्धन नहर टूटने से रांवर के 350 परिवारों को हुआ नुकसान

रांवर गांव में आवर्धन नहर टूटने से हुए नुकसान की रिपोर्ट तैयार हो चुकी है। इस रिपोर्ट के मुताबिक लगभग350परिवारों को नुकसान हुआ है। विधायक हरविंद्र कल्याण ने एक बार फिर सर्वे रिपोर्ट की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान किसी कारण छह परिवार सर्वे से वंचित रह गए थे।इन सभी परिवारों को ग्रामीणों ने सर्वे टीम में जोड़ने की गुहार लगाई।

विधायक ने अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं कि इन सभी लोगों को सर्वे रिपोर्ट में दाखिल किया जाए,ताकि कोई परिवार मुआवजे से वंचित न रहें। मंगलवार को विधायक हरविंद्र कल्याण सर्वे रिपोर्ट की समीक्षा के लिए रांवर गांव में पहुंचे। गौरतलब है कि बीती17मई कोआवर्धननहर की पटरी टूटने से पानी गांव में घुस गया था। जिस कारण ग्रामीणों को भारी नुकसान हुआ था। इसके बाद से ही विधायक लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए थे और स्वयं स्थिति का जायजा ले रहे थे। विधायक हरविंद्र कल्याण ने अधिकारियों के साथ विभागीय टीम द्वारा करवाए गए सर्वे की समीक्षा की। यह सर्वे चार टीमों द्वारा किया गया है। इसमें350परिवारों के नुकसान की रिपोर्ट तैयार की गई है।

इस रिपोर्ट को लेकर कुछ ग्रामीण संतुष्ट नहीं थे। जिसको देखते हुए विधायक ने दोबारा सर्वे करने के निर्देश दिए थे। उसके बाद दोबारा रिपोर्ट और विधायक ने समीक्षा की। जिसमें छह परिवार किसी कारणवश शामिल नहीं किए गए।

ग्रामीणों ने विधायक से इन लोगों के बारे में जानकारी दी। विधायक कल्याण ने स्वयं इन घरों के नुकसान की स्थिति का जायजा लिया और सभी को सर्वे में शामिल करवाया। इस रिपोर्ट को सरकार को भेजा जाएगा,ताकि कोई मुआवजे से वंचित न रहे।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
घरौंडा. गांव रांवर में घर-घर जाकर सर्वे करते विधायक कल्याण।


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/2TJJRS9

Popular posts from this blog

पड़ोसी राज्यों से पहले वीआईपी ट्रीटमेंट फिर शुरू; विधायकों की गाड़ियों पर लगेगी झंडी

लाल बत्ती हटने के बाद वीआईपी कल्चर से बाहर हुए विधायकों की गाड़ी की अब दूर से पहचान हो सकेगी। जल्द मंत्रियों की तरह अब इन गाड़ियों पर भी झंडी लगेगी। अभी गाड़ी में कौन बैठा है, इसकी जानकारी विधायक की ओर से न दिए जाने तक न तो किसी कर्मचारी-अधिकारी को होती है और न ही आम आदमी को। इसलिए अब एमएलए लिखी झंडी गाड़ी पर लगेगी तो माननीयों को कुछ वीआईपी ट्रीटमेंट शुरुआत में ही मिलने लग जाएगा। इन झंडियों का डिजाइन तैयार हो चुका है। इसे स्पीकर ने मंजूरी दी है। बताया जा रहा है कि मॉनसून सत्र से पहले विधायकों की गाड़ियों पर ये झंडियां लग जाएंगी। विधायकों को हालांकि अभी विधानसभा से एमएलए लिखा स्टीकर जारी किया है, जो गाड़ियों के शीशे पर लगा है। पुलिस कर्मचारी हो या अन्य कोई, इस पर जल्दी नजर नहीं जाती। इसलिए कई उन्हें पार्किंग से लेकर रास्ते तक में रोक लिया जाता है। इससे कई बार विधायकों व पुलिस की बहस होने की खबरें भी आती रहती हैं। विधायकों ने पहचान के लिए झंडी की मांग थी। इसके अलावा गाड़ी की मांग भी की जाती रही है, जिसके लिए सरकार इनकार कर चुकी है। पुलिस अधिकारियों से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों की गाड़ियों आगे...