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पिपली के जोहड़ में दूषित पानी छोड़ने को लेकर ग्रामीणों में रोष

उपमंडल के गांव पिपली में रामबाग के सामने स्थित जोहड़ में पंचायत की ओर से शुद्व पेयजल की सप्लाई बंद कर गांव में नाला बनाकर गांव का दूषित पानी डालने का कार्य किया जा रहा है। जिसके रोषस्वरूप ग्रामीणों ने दोबारा एकत्रित होकर ग्राम पंचायत और जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए रोष प्रदर्शन किया। इसके अलावा ग्रामीणों ने सरपंच पर जोहड़ निर्माण के दौरान वृक्ष काटकर बेचने और पानी बेचने के भी आरोप लगाए है।

ग्रामीणों का कहना है कि उक्त समस्या को लेकर कई उच्चाधिकारियों को भी शिकायत देनेे के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की जा रही। ग्रामीणों पंच तेजा राम, पंच राज सिंह, पंच हरविंद्र सिंह, पंच रिशपाल कुमार, पंच जसपाल, पंच मनदीप कौर, पंच प्रतिनिधि प्रमोद, गौरी शंकर, काला राम, नंबरदार जरनैल सिंह, नंबरदार जरनैल सिंह, जीता सिंह, विमला देवी, मलकीतों बाई, सरदारों बाई, निर्मला, नसीब कौर ने प्रशासन से जोहड़ की साफ सफाई करवाने, दूषित पानी की सप्लाई रोकने और साफ व स्वच्छ पेयजल की सप्लाई शुरू करने की मांग की।

आरोप झूठे व निराधार है। जोहड़ निर्माण के दौरान मोहल्लावासियों ने ही वृक्ष उठा लिए थे। जो वृक्ष वहां बचे थे, उसे पंचायत ने बेचकर रुपये पंचायत खाते में जमा करवा दिए है। जिसकी उनके पास रसीद भी है। इसके अलावा उन्होंने बताया कि मोहल्लावासी खुद जोहड़ में कूड़ा-कचरा डाल रहे है। इसलिए गांव का दूषित पानी एक जगह एकत्रित कर गांव में बेहतर सड़क व पानी निकासी की व्यवस्था करने के लिए ही ऐसा कदम उठाया है। यदि मोहल्लावासी जोहड़ में खुद गंदगी नहीं फैलाएंगे तो वे ये कार्य नहीं करवाएगेंं।'' - श्याम लाल, सरपंच, गांव पिपली।



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