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डिस्ट्रेस राशन टाेकन मामले में जांच के निर्देश, सात दिन में मांगी रिपोर्ट

असंगठित मजदूराें व गरीबाें काे डिस्ट्रेस राशन टाेकन देने के मामले में हुई गड़बड़ी की जांच शुरू हाे गई है। डीसी डाॅ. प्रियंका साेनी ने दैनिक भास्कर की खबर पर नगर निगम के अधिकारियाें काे जांच के लिए लिखा है।

उन्हाेंने ज्वाॅइंट कमिश्नर काे चिट्ठी लिखी है कि आखिर इस मामले में क्या गड़बड़ी है, इसकी जांच कर एक सप्ताह के भीतर रिपाेर्ट पेश की जाए। डीसी के आदेश के बाद ज्वाॅइंट कमिश्नर ने जांच शुरू कर दी है। बीएलओ काे भी बुधवार काे कार्यालय बुलाया गया है। इधर, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने डिस्ट्रेस राशन टोकन की दूसरी सूची जारी की है। दूसरी सूची में 20 वार्डों के लिए 950 टोकन भेजे गए हैं।

विभाग ने ये टोकन सूची नगर निगम के अधिकारियों को सौंपी है। अब निगम अधिकारी बीएलओ के माध्यम से सभी टोकन जरूरतमंदों तक ‌पहुंचाएंगे। पार्षदाें का अाराेप था कि उनके वार्डाें में सर्वे ही नहीं हुआ। सर्वे में गड़बड़ी है। इस लिस्ट में अधिकारियाें व संपन्न लोगों के नाम थे। फैमिली आईडी उठाकर ये लिस्ट जारी की गई है।



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