Skip to main content

एसपी ने देखी खरबला इलाके की व्यवस्था

एसपी लोकेंद्र सिंह ने खरबला, रोशन खेड़ा, सीसर व आसपास के गांवों का निरीक्षण कर व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने गांवों में लगे नाकों पर जाकर पुलिस कर्मचारियों को सख्त निर्देश दिए कि बाहर का कोई भी व्यक्ति गांवों प्रवेश न करे। नाकों पर तैनात पुलिस कर्मियों को आयुर्वेदिक दवाइयां दी गई व मेडिकल टीम द्वारा मेडिकल किया। मास्क व सेनेटाइजर व सभी जरूरत की सुरक्षात्मक उपकरण उपलब्ध करवाए। एसपी ने कहा लोगों को सभी वस्तुएं होम डिलीवरी से उपलब्ध करवाई जाएंगी। राशन, दूध, मेडिसिन, फल व सब्जियों की होम डिलीवरी की दरें निर्धारित करने को संबंधित विभाग को दिशा-निर्देश दिए गए हैं। होम डिलीवरी वाले सोशल डिस्टेंस बनाकर रखें।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/2M4MOIs

Popular posts from this blog

पड़ोसी राज्यों से पहले वीआईपी ट्रीटमेंट फिर शुरू; विधायकों की गाड़ियों पर लगेगी झंडी

लाल बत्ती हटने के बाद वीआईपी कल्चर से बाहर हुए विधायकों की गाड़ी की अब दूर से पहचान हो सकेगी। जल्द मंत्रियों की तरह अब इन गाड़ियों पर भी झंडी लगेगी। अभी गाड़ी में कौन बैठा है, इसकी जानकारी विधायक की ओर से न दिए जाने तक न तो किसी कर्मचारी-अधिकारी को होती है और न ही आम आदमी को। इसलिए अब एमएलए लिखी झंडी गाड़ी पर लगेगी तो माननीयों को कुछ वीआईपी ट्रीटमेंट शुरुआत में ही मिलने लग जाएगा। इन झंडियों का डिजाइन तैयार हो चुका है। इसे स्पीकर ने मंजूरी दी है। बताया जा रहा है कि मॉनसून सत्र से पहले विधायकों की गाड़ियों पर ये झंडियां लग जाएंगी। विधायकों को हालांकि अभी विधानसभा से एमएलए लिखा स्टीकर जारी किया है, जो गाड़ियों के शीशे पर लगा है। पुलिस कर्मचारी हो या अन्य कोई, इस पर जल्दी नजर नहीं जाती। इसलिए कई उन्हें पार्किंग से लेकर रास्ते तक में रोक लिया जाता है। इससे कई बार विधायकों व पुलिस की बहस होने की खबरें भी आती रहती हैं। विधायकों ने पहचान के लिए झंडी की मांग थी। इसके अलावा गाड़ी की मांग भी की जाती रही है, जिसके लिए सरकार इनकार कर चुकी है। पुलिस अधिकारियों से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों की गाड़ियों आगे...