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छात्राओं व महिलाओं की सुरक्षा के लिए पुलिस स्टेशनों में बनाए महिला हेल्प डेस्क बीरमति

हसनपुर के राजकीय आरोही मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में मंगलवार को महिला प्रकोष्ठ के तत्वावधान में महिलाओं की सुरक्षा पर आधारित कार्यक्रम का आयोजन कराया गया। इसकी अध्यक्षता प्राचार्य ममता शर्मा ने की। एएसआई ने छात्राओं को महिला सुरक्षा से संबधित हेल्प डेस्क के बारे में जानकारी दी।

महिला एएसआई ने कहा कि यह हेल्प डेस्क महिला थाने के साथ-साथ सभी पुलिस स्टेशनों में बनाए गए है। कोई भी पीड़ित महिला अपनी समस्या के लिए महिला हेल्प डेस्क पर संपर्क कर सकती है। प्राचार्य ने छात्राओं को अपनी सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए प्रेरित किया। इस मौके पर भारी संख्या में छात्राओं के अलावा समस्त स्कूल स्टाफ मौजूद रहा।

बेटियों के लिए चेहरे पर गर्व व खुशी लाने वाला अभियान बना सेल्फी विद डाटर

अंतरराष्ट्रीय एजेंसी आर्थिक सहयोग और विकास संगठन (ओईसीडी) ने भारत खासकर हरियाणा के सेल्फी विद डाटर अभियान और फाउंडेशन के कामों की सराहना की है। ओईसीडी 35 सदस्य देशों का एक अंतर सरकारी आर्थिक संगठन है, जो 135 देशों में काम कर रहा है। संगठन की रिपोर्ट में बताया गया है कि भारत सरकार सेल्फी विद डाटर अभियान से काफी प्रभावित है और बेटियों के प्रोत्साहन के लिए बनाई जा रही योजनाओं में इस अभियान का महत्वपूर्ण योगदान है।

फ्रांस के पेरिस में आर्थिक सहयोग और विकास संगठन का मुख्यालय है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद कई देशों में सेल्फी विद डाटर अभियान और फाउंडेशन की आधा दर्जन बार सराहना कर चुके हैं। कोरोना काल में फाउंडेशन के संयोजक बीबीपुर (जींद) के पूर्व सरपंच सुनील जागलान से आधा दर्जन नए अभियानों को गति दी। जागलान ने कहा कि यह हम सब भारतीयों के लिए खुशी की बात है।



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छात्राओं को महिला हेल्प डेस्क के बारे में जानकारी देते एएसआई बीरमति।


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पड़ोसी राज्यों से पहले वीआईपी ट्रीटमेंट फिर शुरू; विधायकों की गाड़ियों पर लगेगी झंडी

लाल बत्ती हटने के बाद वीआईपी कल्चर से बाहर हुए विधायकों की गाड़ी की अब दूर से पहचान हो सकेगी। जल्द मंत्रियों की तरह अब इन गाड़ियों पर भी झंडी लगेगी। अभी गाड़ी में कौन बैठा है, इसकी जानकारी विधायक की ओर से न दिए जाने तक न तो किसी कर्मचारी-अधिकारी को होती है और न ही आम आदमी को। इसलिए अब एमएलए लिखी झंडी गाड़ी पर लगेगी तो माननीयों को कुछ वीआईपी ट्रीटमेंट शुरुआत में ही मिलने लग जाएगा। इन झंडियों का डिजाइन तैयार हो चुका है। इसे स्पीकर ने मंजूरी दी है। बताया जा रहा है कि मॉनसून सत्र से पहले विधायकों की गाड़ियों पर ये झंडियां लग जाएंगी। विधायकों को हालांकि अभी विधानसभा से एमएलए लिखा स्टीकर जारी किया है, जो गाड़ियों के शीशे पर लगा है। पुलिस कर्मचारी हो या अन्य कोई, इस पर जल्दी नजर नहीं जाती। इसलिए कई उन्हें पार्किंग से लेकर रास्ते तक में रोक लिया जाता है। इससे कई बार विधायकों व पुलिस की बहस होने की खबरें भी आती रहती हैं। विधायकों ने पहचान के लिए झंडी की मांग थी। इसके अलावा गाड़ी की मांग भी की जाती रही है, जिसके लिए सरकार इनकार कर चुकी है। पुलिस अधिकारियों से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों की गाड़ियों आगे...